रेलवे भर्ती के नियम हुए सख्त, नई व्यवस्था में अब बीमारी की देनी होगी पूरी जानकारी

रेलवे में नौकरी के इच्छुक अभ्यर्थियों के लिए बड़ा अपडेट सामने आया है। भारतीय रेलवे ने इस भर्ती प्रक्रिया के नियम और सख्त कर दिए गए हैं।

भारतीय रेलवे में नौकरी पाने का सपना अक्सर युवा देखते हैं और इसकी भर्ती परीक्षा क लिए भी कठिन परिश्रम करते है। लेकिन अब रेलवे में नौकरी के इच्छुक अभ्यर्थियों के लिए बड़ा अपडेट सामने आया है। भारतीय रेलवे ने इस भर्ती प्रक्रिया के नियम और सख्त कर दिए गए हैं। इसके तहत अब हर अभ्यर्थी को चिकित्सकीय परीक्षण से पहले अपने स्वास्थ्य से जुड़ी पूरी जानकारी देनी होगी।

आगामी भर्तियों में अनिवार्य होंगे नए नियम
बता दें कि रेलवे बोर्ड ने भारतीय रेलवे चिकित्सकीय नियमावली के तहत स्व-घोषणा पत्र का नया प्रारूप लागू कर दिया है। यह नियम अब सभी आगामी भर्तियों में अनिवार्य होंगे। रेलवे बोर्ड ने भर्ती प्रक्रिया को और ज्यादा पारदर्शी और सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से यह बड़ा फैसला लिया है। अब सहायक लोको पायलट भर्ती और दृष्टि सुधार के लिए कराई जाने वाली लेज़र नेत्र शल्यक्रिया से जुड़े प्रावधान भी शामिल किए गए हैं।

अभ्यर्थियों को देनी होगी पूरी जानकारी
इस नई व्यवस्था के तहत अभ्यर्थियों को पूरी जानकारी देनी पड़ेगी कि क्या वे कभी हृदय रोग, फेफड़ों की बीमारी, दमा, क्षय रोग, मिर्गी, मानसिक रोग या फिर किसी अन्य गंभीर बीमारी से पीड़ित रहे हैं। उन्हें यह भी बताना होगा कि क्या वे लंबे समय तक किसी बीमारी का उपचार कराते रहे हैं, कभी अस्पताल में भर्ती हुए हैं, सिर में गंभीर चोट लगी है। इसके अलावा अभ्यर्थियों को यह भी साबित करना होगा कि क्या वे मधुमेह, उच्च रक्तचाप जैसी बीमारियों का उपचार करा रहे हैं, उन्हें हकलाने या बोलने में किसी प्रकार की समस्या है, वे मादक पदार्थों या शराब का सेवन करते हैं।

रेलवे बोर्ड ने सख्त चेतावनी
रेलवे बोर्ड ने यह चेतावनी भी दी है कि अगर कोई अभ्यर्थी बीमारी या अन्य महत्वपूर्ण जानकारी छिपाता है या फिर गलत तथ्य प्रस्तुत करता है, तो उसकी नियुक्ति तत्काल रद्द की जा सकती है। यदि ऐसी जानकारी नियुक्ति के बाद सामने आती है, तो सेवा समाप्त करने के साथ-साथ नियमों के अनुसार सेवानिवृत्ति संबंधी लाभ भी रोके जा सकते हैं।

संबंधित खबरें

स्टेट न्यूज़